श्रीनगर हवाई अड्डे पर 15 दिन का विराम, पर्यटन और व्यापार पर मंडराए संकट के बादल
श्रीनगर हवाई अड्डे पर 15 दिन का शटडाउन • अक्टूबर में हवाई संपर्क बाधित • पर्यटन सीजन पर गहरा असर • स्थानीय व्यापार पर चिंता • सुरक्षा के लिए आवश्यक मरम्मत के अनुसार, श्रीनगर हवाई अड्डे पर 1 अक्टूबर से 15 दिनों के लिए रनवे मरम्मत कार्य चलेगा। इस दौरान सभी उड़ानें निलंबित रहेंगी। यह निर्णय पीक पर्यटन सीजन और दुर्गा पूजा की छुट्टियों से ठीक पहले लिया गया है, जिससे घाटी में आने वाले पर्यटकों की संख्या पर गहरा असर पड़ने की आशंका है। स्थानीय व्यापारिक समुदाय ने हवाई संपर्क कटने से होने वाले संभावित वित्तीय नुकसान पर चिंता जताई है। अधिकारियों का कहना है कि यह सुरक्षा के लिए आवश्यक है।
श्रीनगर हवाई अड्डे पर 15 दिन का शटडाउन, पर्यटन और व्यापार पर मंडराए संकट के बादल • अक्टूबर में श्रीनगर हवाई अड्डे पर 15 दिनों तक उड़ानें निलंबित रहेंगी, जिससे यात्रियों को असुविधा होगी। • पीक पर्यटन सीजन और दुर्गा पूजा की छुट्टियों के दौरान हवाई संपर्क बाधित होने से स्थानीय व्यापार पर गहरा असर पड़ने की आशंका। • सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रनवे की मरम्मत अत्यंत आवश्यक, अधिकारियों ने दी जानकारी। • चरणबद्ध रखरखाव योजना के तहत जुलाई से ही शुरू हो जाएंगे कार्य, उड़ानों के समय में पहले ही की जा चुकी है कटौती। के अनुसार, जम्मू और कश्मीर के श्रीनगर में स्थित हवाई अड्डे पर 1 अक्टूबर से अगले 15 दिनों के लिए सभी उड़ानें निलंबित रहेंगी। यह महत्वपूर्ण निर्णय हवाई अड्डे के रनवे पर आवश्यक रखरखाव और मरम्मत कार्य के लिए लिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि यह दो सप्ताह का शटडाउन विशेष रूप से चिंताजनक है क्योंकि यह सीधे तौर पर पीक पर्यटन सीजन और दुर्गा पूजा की छुट्टियों के साथ मेल खाता है। इस अवधि में घाटी में पर्यटकों की आमद में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जाती है, खासकर पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों से।
स्थानीय पर्यटन उद्योग के हितधारकों और व्यापारिक समुदाय ने इस फैसले पर गंभीर चिंता व्यक्त की है। उनका मानना है कि इस महत्वपूर्ण समय में हवाई संपर्क का पूरी तरह से कट जाना न केवल पर्यटन क्षेत्र के लिए एक बड़ा झटका होगा, बल्कि इससे होटलों, टूर ऑपरेटरों, टैक्सी सेवाओं और अन्य संबंधित व्यवसायों को भारी वित्तीय नुकसान भी उठाना पड़ सकता है। यात्रा संचालकों को व्यापक स्तर पर रद्दीकरण की आशंका सता रही है।
हवाई अड्डे के अधिकारियों ने एक चरणबद्ध रखरखाव कार्यक्रम की जानकारी दी है, जो पूर्ण शटडाउन से पहले ही शुरू हो जाएगा। प्रारंभिक चरण में, जुलाई माह से हवाई अड्डे पर सप्ताह में दो दिन के लिए संचालन बंद रखा जाएगा। यह प्रक्रिया अक्टूबर की शुरुआत में होने वाले 15 दिनों के पूर्ण शटडाउन तक जारी रहेगी। अधिकारियों के अनुसार, रनवे की मरम्मत कार्य हवाई अड्डे की परिचालन सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए अत्यंत आवश्यक है। यह भी बताया गया है कि सुरक्षा चिंताओं के चलते, भारतीय वायु सेना द्वारा जारी एक नोटिस टू एयरमैन (NOTAM) के बाद से ही हवाई अड्डे पर उड़ानों के समय में पहले ही कटौती की जा चुकी है। वर्तमान में, उड़ानें सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक ही संचालित हो रही हैं, जो पहले के समय से काफी कम है।
इस आसन्न शटडाउन को देखते हुए, आतिथ्य और यात्रा क्षेत्र से जुड़े लोगों ने अधिकारियों से इस समय-सारणी पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि घरेलू पर्यटन के सबसे व्यस्त अवधियों में से एक के दौरान हवाई संपर्क को पूरी तरह से बंद कर देना स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए विनाशकारी साबित हो सकता है। प्रशासन की ओर से राहत और वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर विचार किया जा रहा है।



